जैसे जैसे आपकी उम्र बढ़ती जाती है, आपके दांत गिरने का खतरा बढ़ता जाता है| 55 वर्ष की उम्र होते ही अधिकतर लोगों के दांत गिरने लगते है|

एक बार जहा दांत गिरे इसका मतलब आप बूढ़े हो गए है| दांत गिरने के बाद सिर्फ खाने पिने में ही नहीं बल्कि बात करने में भी दिक्कत आने लगती है| इसलिए कई लोग इस परेशानी को दूर करने के लिए नकली दांत लगा लेते है|

लेकिन यह जरुरी नहीं है कि आपकी उम्र का बढ़ना और दांतो का गिरना दोनों प्रक्रिया साथ में ही हो| हम आपको बता दे की दांतो के गिरने के पीछे उम्र से ज्यादा दूसरे फैक्टर जिम्मेदार होते है|

यदि आपकी लाइफस्टाइल स्वास्थप्रद है और आप दांतो का अच्छा ख्याल रखते है तो आपले दांतो को बुढ़ापे का असर नहीं होगा| आइये जाने Premature Tooth Loss Prevention Tips.

Premature Tooth Loss Prevention Tips: दांतों को टूटने से कैसे बचाये

Premature Tooth Loss Prevention Tips

रोजाना दांतों की सफाई करे

  • दांतो को लम्बे समय तक मजबूत बनाये रखने के लिए जरुरी है की उसमे कीड़े ना लगे|
  • इसके लिए दांतो को रोज ब्रश और फ्लॉस करे| दांतो को ब्रश करने के लिए कम से कम दो मिनट तक का समय ले|
  • इसके बाद अच्छे से कुल्ला करे ताकि मुँह के अंदर के सारे कीटाणु निकल जाए|
  • जीभ को भी हर दो दिन में साफ करते रहना चाहिए|
  • आपका ब्रश चाहे अच्छा हो या खराब 6 महीने के ऊपर ब्रश का इस्तेमाल ना करे|

अपने आहार पर ध्यान दें

  • आपके आहार में पोषक तत्वों की कमी आपके दांतों के लिए नुकसान दायक हो सकती है|
  • उदाहरण के लिए कैल्शियम की कमी के चलते भी दांत गिरने लगते है|
  • दूध में अच्छी मात्रा में कैल्शियम पाया जाता है| यह दांतों की जड़ों मजबूत बनता है और उन्हें टूटने से रोकता है।
  • ऐसे खाद्य पदार्थ जिनमे चीनी, कार्बोहाइड्रेट और एसिड की मात्रा ज्यादा होती है उससे भी आपके दांत और मसूड़े ख़राब हो जाते है|

डेंटल चेकअप

  • यदि आप अच्छी मौखिक स्वच्छता को अपनाते है इसके बावजूद भी आपको हर छह महीने में एक बार डेंटल चेकअप करवाना चाहिए|
  • दांतों की जांच करवाने से हो सकता है की आपको दांत गिरने के शुरुवाती लक्षणों का पहल ही पता चल जाये और आप उपचार कर सके|

स्वास्थ्य समस्याओ को ठीक करे

  • अधिकतर लोग यह बात जानते हैं कि मधुमेह से आँखें, किडनी और हृदय को नुकसान पहुँचता है|
  • लेकिन हम आपको बताना चाहते है की मधुमेह आपके दांतों और मसूड़ों को भी प्रभावित कर सकती है।
  • दरहसल यह आपके शरीर की प्रतिरोधक क्षमता को कम करती है, इसलिए आपको मसूड़ों की समस्या हो सकती है और इसे ठीक होने में समय लग सकता है|
  • जिससे दांत टूटने की समस्या हो सकती है|