Chakrasana Yoga: मोटापे से राहत और हृदय सम्बन्धी समस्याओं को दूर करें चक्रासन योग

हमने आपको योग के कई आसनो से अवगत करवाया है। हर योग आसन का अपना अलग महत्व होता है। हर योग आपको अनगिनत फायदे प्रदान करता है। इसलिए योग को अपने जीवन में शामिल कर आप भी अपनी जीवन शैली को बेहतर बना सकते है।

योग आपको हर अवस्था में निरोग और तंदरुस्त रखने में मदद करता है। इसलिए योग के आसनो का नियमित रूप से अभ्यास करना आपके स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से काफी फ़ायदेमंद रहता है।

आज हम आपको चक्रासन के बारे में बता रहे है। यह आसन धनुरासन से उल्टा होता है इसलिए इसे उर्ध्वा धनुरासन कहा जाता है। अँग्रेज़ी में इसे व्हील पोज़ कहा जाता है।

इस आसन को करते वक्त आपका शरीर चक्र के समान दिखता है इसलिए इसे Chakrasana कहा जाता है। यह शरीर को मज़बूती प्रदान करता है साथ ही पाचन तंत्र को भी अच्छा रखने में मदद करता है। आइए विस्तार से जानते है Chakrasana Yoga के बारे में।

Chakrasana Yoga: जाने चक्रासन योग करने की विधि, लाभ और सावधानियां

Chakrasana Yoga in Hindi

Chakrasana Steps: चक्रासन को करने की विधि

  • Wheel Pose को करने के लिए एक समतल जगह पर दरी या चटाई बिछा ले।
  • अब उस पर पीठ के बल सीधे लेट जाए।
  • इसके पश्चात अपने पैरो के तलवे को ज़मीन पर जमा ले और अपने दोनो पैरो को मोड़कर नितंबो के पास ले आए।
  • अब अपने पैरो के घुटने को खड़ा कर दे, और दोनो पैरो के बीच कम से कम 1 फीट की दूरी बनाये रखे।
  • हाथों के हथेली को भी ज़मीन पर रख दे। धीरे धीरे कमर को उपर की तरफ लाने की कोशिश करे।
  • इस दौरान अपने शरीर को बिल्कुल ढीला छोड़ दे, और गहरी साँस लेते रहने का प्रयत्न करते रहें।
  • अब आपको अपने शरीर को और ज़्यादा बड़े आकार में लाना होता है। अपने हाथ पैर को और सीधा खड़ा कर लें, कमर को और उपर की तरफ उठाए, तथा अपने सर को कमर की तरफ लाने की कोशिश करे।
  • आपको इस दौरान अपने शरीर को चक्राकार बनाने की कोशिश करना है।
  • इस स्थिति में कम से कम 2 मिनिट तक बने रहे।
  • यदि आप योग के लिए नये हैं तो 15 सेकेंड तक इसका अभ्यास करने की कोशिश करे।
  • इसका अभ्यास करने के बाद आप वापिस से पीठ के बाल लेट जाए और कुछ सेकेंड शवासन का अभ्यास करे।

चक्रासन को करने के लाभ: Chakrasana Benefits in Hindi

Chakrasana Benefits अनेक तरह के होते है। इसके कुछ लाभ इस तरह से है।

हड्डियों को दे मज़बूती

  • हड्डियों का मजबूत होना बहुत ही ज़रूरी होता है इसके कारण ही व्यक्ति अच्छे से चल फिर सकता है।
  • इस आसन के नियमित अभ्यास से शरीर की हड्डियाँ ख़ासकर कमर और रीढ़ की हड्डी मजबूत बनती है।

पाचन तंत्र को रखे तंदरुस्त

  • इस आसन को करने से पाचन तंत्र मजबूत होता है जो स्वस्थ शरीर के लिए बहुत ज़रूरी है।
  • पाचन तंत्र के अच्छे होने से पेट से सम्बंधित बीमारिया नहीं होती है।

शरीर को ऊर्जा देने में सहायक

  • इसे करने से शरीर में शक्ति और स्फूर्ति आती है। जो लोग वीकनेस महसूस करते है उनके लिए यह आसन बहुत फ़ायदेमंद है।
  • शरीर में ऊर्जा होने से आप कार्यो को आसानी से कर सकते है और इससे थकान भी नहीं होती है।

हृदय को रखे स्वस्थ

  • व्हील पोज़ का अभ्यास आपके दिल के लिए बहुत अच्छा है।
  • यह आपके हृदय की कार्य प्रणाली को सुचारु रूप से कार्यान्वित रखता है।
  • इसके कारण हृदय से संबंधित बीमारियाँ नहीं होती है।

कब्ज की समस्या

  • यदि आपको कब्ज की समस्या रहती है तो इस आसन का अभ्यास ज़रूर करना चाहिए।
  • यह कब्ज के साथ साथ गैस आदि समस्याओं को भी दूर करने में मदद करता है।

मोटापा करे दूर

  • चक्रासन का अभ्यास करके आप मोटापे से मुक्ति पा सकते है।
  • यह पेट और कमर की चर्बी दूर करने में सहायक है।

अन्य फायदे: Wheel Pose Benefits

  • यदि इस आसन का अभ्यास नियमित रूप से किया जाता है तो यह आपके बुढ़ापे को जल्दी नहीं आने देता है क्योंकि यह बुढ़ापे की अवस्था को धीमा करने में सहायक होता है।
  • त्वचा की सुंदरता हर किसी को पसंद होती है। इसके लिए भी यह आसन बहुत फ़ायदेमंद होता है।
  • इस आसन को करने से रक्त का संचार तेजी से होता है जिसके कारण त्वचा में निखार आता है और चेहरे पर चमक आने लगती है।
  • यह आसन घुटनो और कंधो के लिए भी लाभकारी होता है, इसे करने से इन दोनों भागों में मज़बूती आती है और इनमे दर्द की समस्या नहीं होती है।
  • इस आसन को यदि रोज़ाना किया जाता है तो इससे छाती भी चौड़ी होने लगती है।

Chakrasana Steps: चक्रासन को करते वक्त सावधानियां

  • इस आसन को करना थोड़ा चुनौतीपूर्ण है, इसलिए यदि आपको इस आसन को करने में किसी तरह की परेशानी हो रही है तो ज़बरदस्ती इस आसन को करने की कोशिश ना करे।
  • इस आसन के नियमित अभ्यास से भी आप इसे आसानी से सीख सकते है इसलिए आपको संयम रखना होगा और शिक्षक की उपस्थिति में ही इसका अभ्यास शुरू करे।
  • जिन लोगो की किसी तरह की कोई ऑपरेशन हुई हो या फिर किसी तरह की चोट की स्थिति में इस भी आसन का अभ्यास नही करना चाहिए।
  • दिल के मरीज़ और उच्च रक्तचाप के मरीज़ो के लिए भी इस आसान को करना वर्जित है।
  • जिन लोगो को कमर दर्द और गर्दन दर्द की समस्या हो उन्हे भी इस आसन को करने से बचना चाहिए।
  • जिन लोगो के पेट में सूजन की समस्या है उन्हें भी इस आसन से दूरी बनाकर रखनी चाहिए। साथ ही हर्निया से ग्रसित लोगो को भी इसका अभ्यास नहीं करना चाहिए।

उपर आपने जाना Chakrasana Yoga in Hindi के बारे में। इस आसन का अभ्यास हमेशा किसी योग गुरु के देखरेख में ही करे। इसके अलावा इस आसन को करते वक्त यदि आपको किसी तरह की परेशानी होती है तो बिना देर किए चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए। इस आसन का अभ्यास नियमित रूप से करे यह आसन तभी फ़ायदेमंद होगा और आप इसके फायदों का लाभ ले सकेंगे। यदि आपको चक्रासन को करने में परेशानी आ रही है तो आप अर्धचक्रासन भी कर सकते है यह पूर्ण चक्रासन से थोड़ा सरल होता है।

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