अधिकतर लोग डिमेंशिया को सिर्फ एक भूलने की बीमारी समझते है| उन्हें लगता है की याददाश्त कमजोर हो गयी इसका मतलब व्यक्ति को डिमेंशिया हो गया|

लेकिन हम आपको बताना चाहते है की याददाश्त कम होना  डिमेंशिया का केवल एकमात्र या प्रमुख लक्षण है| डिमेंशिया जिसे मनोभ्रंश के नाम से भी जाना जाता है यह किसी विशेष बीमारी का नाम नहीं, बल्कि कई लक्षणों के समूह का नाम है|

दरहसल डिमेंशिया दिमाग की वह स्थिति है, जिसमें व्यक्ति की स्मरण शक्ति कमजोर हो जाती है जिसके चलते उस कुछ भी याद रखना मुश्किल हो जाता है, इसके अतिरिक्त कुछ कार्य को समझ पाना, अपनी बात दूसरों को समझा पाना, यह सब भी वो नहीं कर पाता है|

यह विकार मस्तिष्क की हानि से सम्बंधित हैं| आपको बतादे की भारत में लगभग 40 लाख से आसपास लोगों को किसी न किसी प्रकार का डिमेंशिया है। आइये आज के लेख में Dementia Causes and Symptoms के बारे में जानते है|

Dementia Causes and Symptoms: डिमेंशिया (मनोभ्रंश) के बारे में जानिए

Dementia Causes and Symptoms

डिमेंशिया के लक्षण

हम आपको यहां डिमेंशिया के लक्षण बता रहे है, लेकिन आपको हम बता दे की इसके लक्षण हर व्यक्ति में अलग अलग नजर आते है| हो सकता है कि किसीमे इसके एक या दो लक्षण ही दिखे, और किसी में इसका समूह दिखे|

  • चीज़ें कई पर रख कर भूल जाना
  • नाश्ता या भोजन करा था या नहीं उन्हें याद नहीं रहता
  • छोटी छोटी समस्याओं को भी सुलझा नहीं पाते
  • गलत किस्म के कपडे पहनना और कपड़ो को उल्टा पहनना
  • तारीख, मेहना या साल याद ना रखना
  • नंबर को जोड़ने और घटाने में दिक्कत
  • बोलते या लिखते हुए गलत शब्द का प्रयोग करना
  • कई शब्दों के अर्थ को न समझ पाना
  • कुछ काम शुरू करना, पर फिर अचानक भूल जाना कि क्या करना चाहते थे
  • लापरवाही से निर्णय लेना, बड़ी रकम को फालतू की स्कीम में डाल देना
  • गुमसुम रहना, मेल-जोल बंद कर देना, चिल्लाना, रोना, चुप्पी साधना या बेवजह ही बौखला जाना
  • बात बात पर लोगों पर शक करना, आक्रामक होना आदि

डिमेंशिया के उपचार

  1. जैसे जैसे उम्र बढ़ती जाती है मस्तिष्‍क की कोशिकायें नष्‍ट होने लगती हैं इसलिए ही बुढ़ापे में लोग डिमेंशिया का शिकार होते है|
  2. सिर पर चोट लग जाने से, दौरा पड़ने, ब्रेन ट्यूमर से भी मस्तिष्‍क की कोशिकाएं नष्‍ट हो और व्यक्ति को डिमेंशिया का सामना करना पढता है|
  3. कुछ शोध के अनुसार यदि इसके पीछे अनुवांशिक कारण भी हो सकते है, जैसे यदि आपके माता पिता या भाई-बहनों या नया निकटतम रक्त-संबंधियों को अल्ज़ाइमर है तो आपमें भीयह रोग होने की संभावना अधिक होती है।