कालोंजी एक प्रकार का बीज होता है जिसका उपयोग कई प्रकार के पकवानो में किया जाता है। इसे निगेला का पौधा, काला जीरा और काले बीज के नाम से भी जाना जाता है। इसकी कई प्रजातिया साउथ वेस्ट एशिया में है। सदियो से इस काले बीज का सेवन इंडिया, पाकिस्तान और बांग्लादेश के निवासी कर रहे है।

कालोंजी एक बहुत ही अच्छी जीवन औषधि है और इसका प्रयोग 2000 वर्षो से दवाओ को बनाने में किया जा रहा है। कालोंजी के तेल में 100 से अधिक घातक शामिल है और इसका प्रयोग कई प्रकार के रोगो से बचाने में किया जाता है। कालोंजी की खोज राजा टूट की काबरा में हुई थी। इसके तेल में 21% प्रोटीन, 39% कारबोहाइड्रेट्स, 34% वसा और तेल की मात्रा पाई जाती है।

कालोंजी का तेल एक उत्कृष्ट आरोग्य के लिए जाना जाता है। इसका प्रयोग शरीर के सभी बाहरी अंगो जैसे सोरायसिस, एक्जिमा, सुष्क त्वचा, जोड़ो और सिर की मालिश के लिए किया जाता है। इसके साथ-साथ सभी अंदरूनी रोगों जैसे इम्यूनिटी सिस्टम को बनाए रखने, गठिया और अस्थमा आदि जैसे रोगो की रोकथाम के लिए किया जाता है। यह हमारे शरीर को और किन-किन रोगो से बचाता है? इसके के लिए यहा पढ़िए Kalonji Oil Benefits in Hindi.

 

Kalonji Oil Benefits in Hindi: बीमारियां रहेंगी कोसों दूर

Kalonji Oil Benefits in Hindi

कालोंजी के तेल में एंटी-ऑक्सीडेंट, आंटी-बैक्टीरिया और एंटी-इंफ्लेमेटरी के गुण पाए जाते है। इसके साथ ही कालोंजी तेल में बहुत अधिक मात्रा में पॉली-अनसेचुरेटेड एसिड पाया जाता है। इसलिए इसका प्रयोग शरीर को कई प्रकार के संक्रमण से लड़ने, रोग प्रतिरोशक क्षमता को बनाए रखने और दैनिक स्वास्थ के लिए किया जाता है।

 

याददाश्त बढ़ाए

व्यस्को की तुलना में बुज़ुर्गो में याद रखने की शक्ति कम होती है।कालोंजी के तेल का प्रयोग याददाश्त शक्ति और एकाग्रता को बढ़ाने  के लिए किया जाता है। इसके साथ ही इसका प्रयोग अब्सेंटमिंदेडनेस्स और सतर्कता को बढ़ाने में किया जाता है।

 

दिल के रोगो के लिए

कालोंजी के तेल का प्रयोग हृदय से संबंधित कई रोगो के इलाज के लिए किया जाता है।  इसके इस्तेमाल के लिए एक चम्मच बकरी के दूध में ½ चम्मच कालोंजी के तेल के मिलाकर रोजाना 1 हफ्ते तक पीने से हृदय मजबूत बनता है और हार्ट अटैक का खतरा भी कम हो जाता है।

 

कैंसर को रोके

आज के समय में मानव जीवन के लिए कैंसर सबसे बड़ी बीमारी बन चुकी है। काले बीज से थीमोक्विनोन को निकालने, ट्यूमर के विकास को रोकने और ब्रेस्ट कैंसर के ख़तरे को कम करता है। शुरुआती कैंसर को रोकने के लिए 1 चम्मच कालोंजी के तेल को ले और उसमे 1 ग्लास अंगूर के रस को मिलकर दिन में तीन बार ले।

ऐसा करने से बढ़ते कैंसर को रोका जा सकता है। इसके साथ ही कालोंजी ब्लड कैंसर, आँत और गले के कैंसर के खतरे को भी कम करने में सहायक होता है।

 

मधुमेह

मधुमेह से पीड़ित व्यक्तियो के लिए कालोंजी का तेल बहुत ही फायदेमंद होता है। इसका उपयोग डायबिटीज को नियंत्रित करने और उसके इलाज दोनो के लिए किया जाता है।

इसका प्रयोग करने के लिए एक कप काली चाय में ½ चम्मच कालोंजी के तेल को मिलाकर रोजाना सुबह और शाम पिए। ऐसा 1 महीने तक करने से आपको असर दिखाई देने लगेगा।

 

त्वचा के लिए फयदेमंद

त्वचा के फोड़े और फुंसी दूर करने के लिए भी कालोंजी का तेल सहायक होता है। यह फोड़े और कील-मुहसो को जन्म देने वाले बैक्टीरिया से लड़ता है और त्वचा को साफ, सुथरी और चमकदार बनाने में मदद करता है। इसका प्रयोग करने से चेहरे से दाग-धब्बे मिट जाते है और चेहरे पर निखार भी आता है।

 

इसे निम्न प्रकार से चेहरे पर लगा सकते है-

  • इसके इस्तेमाल के लिए कालोंजी के तेल को फुंसी वाले स्थान पर रोजाना सुबह और शाम के समय लगाए।
  • 2 चम्मच नींबू के रस में ½ चम्मच कालोंजी के तेल को मिलकर रोजाना सुबह और रात को सोते समय लगा ले। नींबू के स्थान पर आप सेब के सिरके का भी प्रयोग कर सकते है।
  • आँखो की रोशनी के लिए
  • नेत्र रोग व्यक्ति को किसी भी आयु में हो सकता है। ऐसे में कालोंजी के तेल का प्रयोग आँखो की रोशनी को बढ़ाने और आँखो के इलाज के लिए सबसे अच्छी होम रेमेडी है। यह आँखो के लालपन, कैटरेक्ट या आँखो से पानी आने जैसी समस्या को दूर करने में सहायक होता है। इसके साथ ही यह मोतियाबिंद जैसे रोगो को भी ठीक करता है।
  • इसके इस्तेमाल के लिए गाजर के एक ग्लास जूस में 2 चम्मच कालोंजी के तेल को मिलाकर सुबह शाम दो बार पिए।
  • बालो की देखभाल करे
  • आजकल महिला हो या पुरुष बालो के झड़ने की समस्या से हर कोई परेशन है और बालो का झड़ना, शरीर में न्यूट्रीशन और उचित पोषक तत्वो की कमी के कारण होता है। ऐसे में कालोंजी मे उपस्थित एंटी-ऑक्सीडेंट और एंटी-माइक्रोबियल गुण बालो की जड़ो को मजबूत बनाते है और उन्हे झड़ने से रोकते है।
  • इसे लगाने के लिए कालोंजी के तेल से रोजाना सिर की मालिश करे। इसके अलावा कालोंजी के बीज का लैप बनाकर सिर पर लगाने से भी बालो की जड़े मजबूत बनती है।

 

जानिए कलौंजी के तेल के अन्य फायदे

  1. 1 कप गर्म पानी, 1 चम्मच शहद और ½ चम्मच कालोंजी के तेल को मिलकर रोजाना सुबह शाम सेवन करने से अस्थमा जैसे रोगो में आराम मिलता है।
  2. रोजाना ½ चम्मच कालोंजी के तेल को गर्म चाय में डालकर पीने से रक्तचाप में आराम मिलता है।
  3. कालोंजी के तेल से हाथ और पैरो की मालिश करने से जोड़ो के दर्द में आराम मिलता है। साथ ही हाथ पैरो की सूजन भी दूर होती है। इसके साथ-साथ यह चर्म रोग और गठिया रोगो को भी दूर करने में सहायक होता है।
  4. कालोंजी के तेल से सिर और कान के पास मालिश करने से सिरदर्द दूर हो जाता है। इसके साथ ही ऐसा रोजाना करने से माइग्रेन की वजह से होने वेल दर्द में भी राहत मिलती है।

 

आज आपने जाना Kalonji Oil Benefits in Hindi. वैसे तो यह  एक छोटा सा बीज है, परंतु इसके तेल से होने वाले स्वास्थ्य लाभ बहुत है। जैसा आप ऊपर जान चुके है, अब से आप भी इसका उपयोग करे और रोगों से बचें।