हमारे मुख्य सेंस 5 प्रकार के होते है जैसे कि नाक, आँख, कान, जीभ और त्वचा। इन्ही के द्वारा हम चीजों को देखते है, पहचानते है, उसे महसूस करते है और उसका इस्तेमाल करते है।

पुराने शास्त्रों मे ऐसा माना जाता है कि मनुष्य के पास एक और इन्द्रिय होती है इसे छठी इंद्रिय कहते है। इसे इंग्लिश में सिक्स्थ सेंस कहा जाता है।

यह इन्द्रिय इतनी लाभकारी होती है कि यदि आपने इसे सक्रिय कर लिया और यदि आपके पास उपरोक्त 5 इन्द्रियों कि कमी है तो भी आप सामान्य जीवन जी सकते है। इस छठी इन्द्रिय को देखा नही जा सकता केवल महसूस किया जा सकता है।

इस इस्द्रिय को होने से आप किसी बात को या फिर किसी कि भी आहट को पहचान सकते है। साथ ही आप इसके चलते कुछ घटनाओ के होने का पूर्वाभास भी कर सकते है। आइये आज के लेख में जानते है How to Improve Sixth Sense, अपने छठी इन्द्रिय को कैसे विकसित करे?

How to Improve Sixth Sense: छठी इन्द्रिय को कैसे जाग्रत करे?

How to Improve Sixth Sense

ध्यान

  • ध्यान करते समय दोनों भोहों के बीच वाले स्थान पर नियमित रूप से ध्यान करते रहने से आज्ञाचक्र जाग्रत हो जाता है। यह आज्ञाचक्र हमारे छठी इन्द्रिय को बढ़ाने में मदद करता है।
  • इसके लिए प्रतिदिन 40 मिनट का ध्यान करे ।
  • इससे छठी इन्द्रिय को बढाने में सहायता होगी।

प्राणायाम

  • छठी इंद्री भौहों के मध्य होती है और सुषुम्ना नाड़ी के जाग्रत होने से छठी इंद्री भी जागृत हो जाती है।
  • इस कारण छठी इंद्री को प्राणायाम के माध्यम से भी जागृत किया जा सकता है। इसके लिए कम से कम छह माह का समय लगता है।
  • इस अभ्यास में जब नाक के दोनों स्वर चलते हैं तो यह मानते है कि सुषम्ना नाड़ी सक्रिय हो गयी है। और इस प्रकार कि सक्रियता से छठी इंद्री जाग्रत होती है।

योग निद्रा

  • योग निद्रा करने के लिए सोचे कि आपके शरीर को पृथ्वी ने उठाया हुआ है।
  • अब एक-एक करके ध्यान को पहले अपने दाहिने हाथ के अंगूठे पर फिर सभी उंगलियों पर ले जाए।
  • इसके बाद उसे कोहनी, कलाई, भुजा और कंधे पर ले जाये।
  • इसी प्रकार अपने ध्यान को बाएँ हाथ पर भी ले जाएं।
  • ऐसा करने से दाहिना पेट, जिगर, पेट के अंदर की आंतें, अग्नाशय दाएँ व बाएँ फेफड़े, समस्त अंग और हृदय शिथिल हो जाते हैं।
  • इस प्रकार कि कल्पना करे, इसके बाद अंत में अपने ध्यान को सांस कि तरफ ले जाए।

त्राटक द्वारा

  • त्राटक क्रिया द्वारा भी छठी इंद्री को जाग्रत किया जा सकता है।
  • इसे करने के लिए आप जितनी देर तक हो सके बिना पलके झपकाए किसी एक बिंदु, मोमबत्ती, क्रिस्टल बॉल, या घी के दीपक की ज्योति को देखते रहिए।
  • इसका अभ्यास कुछ समय तक करे ।
  • ऐसा करने से एकाग्रता के साथ साथ आपकी छठी इंद्री भी जाग्रत होती है।