Plank Exercise Benefits: कोर मसल्स को मजबूत बनाने में मददगार

क्या आपको वर्कआउट करना पसंद है तो आपको प्‍लैंक जरूर करना चाहिए| यह आपके मसल्स को मजबूत बनाने के लिए एक बेहतरीन वर्कआउट है और तो और यह करने में भी आसान है|

जो लोग जिम जाते है उन्हें इसके बारे में जरूर पता होता है| यदि आपको नहीं पता है तो हम आपको बतादे की प्लैंक एक्‍सरसाइज एब्‍स को आकर्षक बनाने में आपकी मदद कर सकती है| इसकी प्रैक्टिस एब्‍स की मांसपेशियां मजबूत बनाती है साथ ही उसमे लचीलापन भी बढ़ाती हैं।

और यदि आप वजन घटाने के लिए वर्कआउट तलाश रहे है तो हम आपको यह भी बतादे की प्‍लैंक से क्रंचेज और सिट-अप्‍स की तुलना में ज्‍यादा कैलोरी बर्न होती है|इसे आप टोटल बॉडी टोनर एक्‍सरसाइज कह सकते है|

दरहसल प्लैंक करने से शरीर का मेटाबॉल्‍जिम तेज होता है जिससे कैलोरीज़ बर्न होती हैं। इसे रोजाना करना आपके लिए बहुत फायदेमंद है| ऑफिस में कार्य करने वालो को तो इसे जरूर करना चाहिए| आइये जानते Plank Exercise Benefits और इसे करने के तरीके के बारे में|

Plank Exercise Benefits: प्लैंक करने का तरीका और फायदे

Plank Exercise Benefits

प्लैंक कैसे करते है?

साधारण फुल प्लैंक

  • साधारण फुल प्‍लैंक को करने के लिए सर्वप्रथम पुश-अप्स की पोजीशन में आ जाएं|
  • इस मुद्रा में आने के बाद 60 सेकंड तक इसी मुद्रा में बने रहे|
  • अगर आपसे हो पाए तो सांस को भी रोक कर रखे|
  • इस दौरान आपका शरीर बिलकुल सीधा होना चाहिए, बिच से झुकना नहीं चाहिए|
  • शुरुवात 1 मिनट से करें और फिर धीरे-धीरे समय को थोड़ा थोड़ा बढ़ाते जाएं।

साइड प्‍लैंक

  • शुरुवाती लोगो के लिए Side Plank Exercise करना थोड़ा मुश्किल हो सकता है|
  • इसे करने के लिए करवट की मुद्रा में लेटे और अपने एक हाथ और कोहनी पर शरीर का पूरा वजन डालते हुए शरीर को ऊपर उठाएं|
  • दूसरे हाथ को कमर पर रख सकते है, ख्याल रहे कि आपके पैर और कमर सीधे रहें।
  • आपकी क्षमता के अनुसार जितनी देर हो सके इस अवस्था में रहें। बाद में दूसरी तरफ करवट लेकर प्रक्रिया को वापिस दोहराये|

Plank Benefits: प्लैंक करने के फायदे

मसल्स को मजबूती दें

  • प्लैंक करने से आपकी मसल्स मजबूत बनती है।
  • यह कोर मसल्स को स्ट्रांग बनाता है। साथ ही शरीर के ऊपरी और निचले दोनों हिस्सों को जोड़ने का काम करता है।
  • इससे चलने, फिरने, मुड़ने और बैठने जैसी एक्टिविटी करने में सहायता मिलती है।
  • इससे शरीर की कार्यक्षमता बढ़ती है।

कमर के लिए फायदेमंद

  • कुछ कोर एक्सरसाइज करने से कमर पर थोड़ा बुरा प्रभाव पड़ता है।
  • लेकिन प्लैंक करने से कोर मसल्स के साथ साथ बैक मसल्स भी स्ट्रांग बनती है।
  • प्लैंक करने से निचली कमर और रीढ़ की हड्डी दोनों मजबूती मिलती है।
  • इसी के साथ शरीर की फ्लेक्सिबिलिटी भी बढ़ती है।
  • इसके लिए Back Plank भी किया जा सकता है।

फैट बर्न

  • प्लैंक करने से पेट की चर्बी जल्दी कम होती है।
  • स्टार्टिंग में 5 Minute Plank करें और धीरे धीरे अपनी क्षमतानुसार समय बढ़ाते जाएं।
  • यह किसी अन्य एक्सरसाइज के मुकाबले शरीर में वेट जल्द ही कम करने में कारगार होती है।
  • प्लैंक में जब हाथो और पैरो की मदद से शरीर के पुरे भार को संभाला जाता है। तब हार्ट बीट्स तेज़ हो जाती है।  
  • इससे मेटाबोलिज्म रेट भी तेज़ हो जाता है। इस वजह से शरीर में ज्यादा फैट जमा नहीं होता है।

फ्लेक्सिबिलिटी बढ़ाए

  • प्लैंक कई प्रकार के होते उसे करने से शरीर में फ्लेक्सिबिलिटी बढ़ती है।
  • यह प्लैंक एक्सरसाइज कंधों, हैमस्ट्रिंग और कालर बोन पर खिंचाव बनाता है और इसमका लचीलापन बढ़ाता है।
  • इससे मसल्स पर तनाव नहीं पड़ता है और साथ ही सूजन तथा चोट की शिकायत भी नहीं होती है।
  • शरीर में लचीलापन बढ़ाने के लिए सभी प्रकार के प्लैंक करना चाहिए।

शारीरक पोस्चर सुधरता है

  • Plank workout करते समय कमर, कूल्हें और कंधें सीध में रखना चाहिए।
  • प्लैंक जितनी देर तक के लिए करते है उतने समय के लिए बॉडी एक सीध में होती है।
  • इस वजह से बॉडी एक टोन में रहती और कमर, कूल्हें और कंधें ठीक रहते है।
  • इसी के साथ यह पूरी बॉडी का पोस्चर सुधारने में भी फायदेमंद होती है।

शरीर को संतुलित बनाये

  • प्लैंक करने से शरीर अपने आप सही पोस्चर में आता है उसी प्रकार यह शरीर में बैलेंस भी बनाए रखता है।
  • स्टार्टिंग में प्लैंक करने में थोड़ी समस्या आती है।
  • लेकिन जब आप धीरे धीरे इसकी समय अवधि बढ़ाते है तो शरीर में अपने आप ही संतुलन बनता जाता है।

ऑस्टियोपोरोसिस में मददगार

  • प्लैंक एक्सरसाइज को नियमित रूप से किया जाए तो यह ऑस्टियोपोरोसिस से बचाव करता है।
  • नेशनल ऑस्टियोपोरोसिस फाउंडेशन ने ऑस्टियोपोरोसिस की समस्या में रोज़ाना प्लैंक करने की सलाह दी है।
  • ऑस्टियोपोरोसिस में वैसे भी हड्डियों के टूट जाने के पहले को ख़ास संकेत नहीं मिलता है।

नितंबों को आकार दें

  • प्लैंक एक्सरसाइज शरीर में संतुलन बनाने के साथ ग्‍लूट्ल मसल्‍स (हिप्‍स के पास की एक जगह) के लिए भी काफी फायदेमंद होता है।
  • प्लैंक एक्सरसाइज में हैमस्ट्रिंग पैरों का ध्यान रखते हुए की जाती है।
  • इससे नितंबों को सही और मनवांच्छित आकार देने में मदद मिलती है।
  • इससे सेल्‍यूलाइट की समस्या से भी राहत मिलती है।

मांसपेशियों को सही आकर दें

  • प्लैंक एक्सरसाइज करने से मांसपेशियों को सही आकार मिलता है।
  • इसे करने से मांसपेशियों में कसावट बनती है जिससे की शरीर के अलग अलग पार्ट को शेप मिलने में मदद मिलती है।
  • Planks for Abs में भी काफी फायदेमंद होता है क्योंकि यह पेट की चर्बी कम करके मांसपेशियों को सही शेप देता है।

ऊपर आपने जाना Plank Exercise Benefits in Hindi. आप भी इसे रोज करके शरीर की मुद्रा सुधर सकते है| इससे आपका पेट अंदर चला जाएगा, जो की आज के समय की सबसे विकट समस्या है|


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